नयी दिल्ली: कांग्रेस ने मध्य प्रदेश के इंदौर में गंदा पानी (drinking contaminated water) पीने से लोगों की मौत को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) सरकार की गंभीर लापरवाही का परिणाम बताते हुए कहा है कि इसकी जांच खुद प्रधानमंत्री कार्यालय से हो और अलग से उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश (Supreme Court judge) से इसकी स्वतंत्रता तथा निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। कांग्रेस संचार विभाग (Congress communication department) के प्रमुख पवन खेड़ा (Pawan Khera) गुरुवार को यहां पार्टी मुख्यालय में संवाददाता सम्मेलन में सवाल किया कि भाजपा सरकार की लापरवाही के चलते शहर के पीने के पानी में सीवेज के पानी (sewage water) को घुसने दिया गया और नागरिकों की बार-बार चेतावनियों को नजरअंदाज करके हज़ारों लोगों की ज़िंदगी खतरे में डाली गई है। पार्टी का कहना है कि यह घटना भाजपा सरकार की लापरवाही से हुई है जबकि इस घटना को रोका जा सकता था। इस लापरवाही के कारण जब मासूम बच्चे और शिशु मर रहे हैं तो राज्य के मुख्यमंत्री और वरिष्ठ मंत्री अपनी चुप्पी साधे हुए है।
उन्होंने कहा कि यह दुखद घटना भाजपा सरकार के घमंड, नाकाबिलियत और इंसानी ज़िंदगी की पूरी तरह से अनदेखी को सामने लाती है। मध्य प्रदेश के लोग न्याय, जवाबदेही और तुरंत सुधार के हकदार हैं। अब समय आ गया है कि भाजपा अपनी नाकामी और अपनी बड़ी लापरवाही की वजह से गई जानें के लिए जवाब दे।
कांग्रेस प्रवक्ता ने कहा कि भाजपा सरकार का क्रूर, निर्दयी और पूरी तरह से उदासीन चेहरा इस घटना से उजागर हो गया है। इंदौर में, मध्य प्रदेश की सरकार की बड़ी लापरवाही, नाकाबिलियत और साफ बेपरवाही की वजह से छह महीने के एक बच्चे समेत 18 मासूम जानें चली गईं और 40,000 से ज़्यादा लोग इससे प्रभावित हुए हैं। कई अभी भी आईसीयू में अपनी जान के लिए लड़ रहे हैं। यह वही इंदौर शहर है जिसने केंद्र सरकार के स्वच्छ सर्वेक्षण में लगातार आठवीं बार "सबसे साफ शहर" का खिताब जीता है।
खेड़ा ने कहा, "लापरवाही की तुरंत प्रधानमंत्री कार्यालय से जांच के आदेश दिये जाएं साथ ही एशियन विकास बैंक और सुप्रीम कोर्ट स्तर के न्यायाधीश की देखरेख में एक स्वतंत्र जांच हो ताकि भाजपा सरकार को जवाबदेह ठहराया जा सके। सिर्फ़ ऐसे दखल से ही यह पक्का हो सकता है कि इस बड़ी नाकामी के लिए ज़िम्मेदार लोगों को जवाबदेह ठहराया जाए और बेगुनाह नागरिकों का खून बेकार न जाए। एशियन विकास बैंक में 2003 में भोपाल, ग्वालियर और जबलपुर के लिए 20 करोड़ डालर का कर्ज दिया गया था, आखिर वह कर्ज कहां गया।"



Mahanagar Media Network Pvt.Ltd.
Sudhir Dalvi: +91 99673 72787
Manohar Naik:+91 98922 40773
Neeta Gotad - : +91 91679 69275
Sandip Sabale - : +91 91678 87265
info@hamaramahanagar.net
© Hamara Mahanagar. All Rights Reserved. Design by AMD Groups
Thu, Jan 08 , 2026, 02:19 PM